मैं कल्कि बनकर

 *मैं कल्की बनकर* *फिरसे लौट आऊंगा* 

✍️२७७०


 *विनोदकुमार महाजन* 


🌞🌞🌞🕉️🚩


धधगता ईश्वरी तेज 

 *कल्की भगवान* 

पापीयों के संपूर्ण संहार के लिये 

अधर्म के नाश के लिये 

 *धरती पर अवतरीत होगा* !


**********@


धरती पर कली का आज का भयावह हाहा:कार और विनाशकारी उन्माद जैसी भयंकर समस्याओं का हल ⁉️ आज ? शून्य है ?

तो ❓

 *भगवान कल्की को* आना ही पडेगा !?


*******@


चारों ओर अधर्म का भयावह अंधेरा और भयंकर धर्म ग्लानी देखकर , उन्मत्त कली का चौतरफा हमला और हाहा:कार देखकर हर सत्पुरूष का मन बहुत तडपता है !?


?????@


घर घर में फैला हुवा घनघोर कली का साम्राज्य और सत्य की दुर्दशा देखकर , पुण्यात्माओं का स्वर्ग को वापीस जाने का मन करता है !


?????@


तो हुवा यों ⁉️


ऐसी भयावह स्थिती में एक बार भगवान स्वर्ग से धरती पर रूप बदलकर आये !

एक निर्धन , गरीब बनकर !

असहाय , मजबूर बनकर !

धरती के मनुष्य को परखने के लिये ?


*****@


रास्ते में प्यास लगी तो ?

किसी को पाणी माॅंगा !


पाणी की बोटल खरिदने की भगवान को मुक्त सलाह मिली !?

ईश्वर अचंबित रहे !

सोचने लगे...

यहाँ तो हर जगहों पर 

पाणी की प्याऊ लगती थी ?

कहाॅं गये वो दिन ?

कहाॅं है वो मनुष्य ?


*****@


ठीक है ...

ऐसा सोचकर भगवान आगे निकले !

भूक भी बहुत लगी थी !

सोचा...कहीं खाना मिलेगा !

एक भव्य शादी समारोह चल रहा था !

भगवान ने सोचा...

शायद यहाँ खाना मिलेगा !

चलो खाना खाते है !

अंदर गये तो ?

सिक्युरिटी गुर्राता हुवा आया... और बोला...

ए भिकारी, कहाॅं घूस रहा है? दिखाई नहीं देता? यह रईस की शादी है ? यहाँ भिकारीयों का काम नहीं!

चल निकल जा यहाँ से !

नहीं तो दो डंडे मारूंगा !


*****@


हताश , उदास मन से भगवान ने सोचा...

चलो कोई मंदिर चलते है !

वहाॅं तो सब आबादी आबाद होगा !

भगवान आगे गये तो ?

दर्शन के लिये लंबी लंबी कतारे ?

एक कतार पैसे देकर पास वाली दर्शन बारी !

दूसरी बहुत ही लंबी कतार...


भगवान फिर गलती से उसी पैसे वाली कतार में घुसे !


तो ?

एक जोर से चिल्लाने की आवाज आयी...

अय...कहाॅं घुस रहा है ?

दिखाई नहीं दे रहा है ?

यह व्हिआयपी लोगों की दर्शन बारी है ?

पैसों वालों की लाईन है ये !

तुम्हारी लाईन अलग है !

चले जाव उस लाईन में !

फिर मन ही मन में वह आदमी कुछ पुटपुटाया...


न जाने कहाॅं से ऐसे फुकटे आदमी आते है ?

दर्शन के लिये भी पैसा नहीं है तो क्यों आते है हमारा टाईम बरबाद करने के लिये ऐसे लोग ?


*****@


धरती का सारा नजारा देखकर भगवान हैरान रह गए , अचंबित भी ?


अनेक जगहों पर श्रीहरी की गौमाताएं काटी जा रही थी !

खाने के लिये !⁉️❓

और इसका किसीको सुख दुःख तक नहीं था !


जगह जगह पर गंदगी , माॅंस मदिरा की दुकाने ?

उसमें भी बडी भीड ?


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अनेक जगहों पर धर्म का बाजार सजा हुवा था ?


कोई मार काटकर धर्म ⁉️❓ परिवर्तन की होड में लगा हुवा था ❓

कोई पैसे बाॅंटकर धर्म ⁉️❓ परिवर्तन करवा रहा है ❓


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चारों ओर अधर्म का घना , भयंकर , विनाशकारी अंधेरा छाया हुवा है ?


असली धर्म नाममात्र है !

फिर भी दिखाई नहीं देता है ⁉️❓


अधर्म का बाजार है चारों ओर फैला हुवा है ???

चारों ओर हाहा:कार है !


****@


 *भगवान सोचने लगे...* 

चलो...

वापिस स्वर्ग को चलते है !

मगर अब वापिस लौटकर आना पडेगा !


 *कल्की बनकर !*


*****@


अब मैं लौटकर आऊंगा 

अधर्म के नाश के लिये !

उन्मादी , हाहा:कार मिटाने के लिये !

दुष्ट , दुर्जनों के विनाश के लिये...


अब मुझे जल्दी ही लौटकर आना ही पडेगा !


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मैं *लौटकर आऊंगा* ,

ऐसा कहकर भगवान अंतर्धान हो गये !!


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 *कल्की भगवान की जय* 


🙏🙏🙏🕉️🚩

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