बिना माँगे

 बिना माॅंगे ही सबकुछ मिलने लगता है तो समझ लेना की अनेक सिध्दीयाॅं तुम्हे प्राप्त हो गई है और माॅंगकर भी अथवा अनेक अथक प्रयास करने पर भी कुछ भी नहीं मिलता है तो समझ लेना की पिछले जन्म का तुम्हारा और कर्जा बाकी है...!

जय हरी विठ्ठल...!!


विनोदकुमार महाजन

Comments

Popular posts from this blog

ऊँ कालभैरवाय नम :

संपूर्ण लेखांक भाग २५

सोनारीचा काळभैरवनाथ