ठंडा दिमाग
*सभी समस्याओं का एक* *ही इलाज ? ठंडा* *दिमाग ??*
✍️ २७९६
*विनोदकुमार महाजन*
✅✅✅✅✅
ठंडा दिमाग
कूल माईंड...
संपूर्ण समस्याओं का एक ही रामबाण इलाज...
समस्या चाहे कितनी भी भयंकर हो...मुसिबत चाहे कितनी भी बडी हो...? बस्स्...
दिमाग ठंडा रखिए और ठंडे दिमाग से समस्या का समाधान ढूंडिये...
समाधान जरूर मिलेगा..
ठंडे दिमाग से लिये गये सभी निर्णय यशस्वीता की ओर ले जाते है
निश्चित ही ...
और जब हम इसीमें माहिर हो जाते है तो ?
समझो जीवन की लडाई हम जीत गये...
आर्थिक समस्याओं के कारण... चिडचिडेपण होता है , शत्रू पीडा के कारण भी ऐसा होता है , बिमारीयों में भी ऐसा चिडचिडेपण होता है...
जरूर होता है...जितनी समस्या गंभीर उतना दिमाग काम करना बंद होता है...
मगर ...?
चिडचिडेपण से जीवन की लडाई में अनेक प्रकार की बाधाएं उत्पन्न हो जाती है...शायद हार भी होती है और ? हितशत्रूओं का बल भी बढता है...
दिशाहीन जीवन...?
किस काम का ??
मगर...? समस्या चाहे कितनी भी भयंकर हो..
ठंडा दिमाग और मौन रहने से ? सभी समस्याओं का हल मिलता ही है और ?
इससे कितना भी भयंकर ताकतवर हितशत्रू भी हतबल होकर घुटने के बल पर आ जाता है...
ठंडा दिमाग...
कूल माईंड...
इसिलिए बहुत काम का होता है...
जीवन में केवल और केवल जीतना ही है...
हर मोर्चे पर जीत हासील करनी ही है तो ??
हमेशा ठंडा दिमाग होना ही चाहिए !
और ठंडे दिमाग से लिए गये हर निर्णय और बनाई गई हर रणनीती यशस्वीता की ओर ही ले जाती है !
भले ही थोडा समय ही क्यों न लगे ?
ठंडा दिमाग रखने के लिये ईश्वरी चींतन बहुत ही सकारात्मक सिद्ध होता है !
अपनी इच्छा के विरूद्ध चाहे कितनी भी भयंकर घटनाओं का सिलसिला लगातार चलता रहे या फिर समस्याओं का चक्रव्यूह चाहे कितना भी भयंकर हो , आर्थिक परेशानीयों का सामना करना पडे अथवा कार्य में बाधा डालने वाले हितशत्रूओं का मायाजाल भी कितना भी भयंकर हो...
उत्तर बस्स्...
एक ही है...
ठंडा दिमाग...
कूल माईंड....
मौन व्रत और एकांत वास भी हमेशा आत्मबल बढाने के लिये सहाय्यक होता है !
और आत्मबल से ही अनेक गंभीर समस्याओं का समाधान भी मिलता है !
और उंचा आत्मबल हमेशा दिमाग ठंडा ही रखता है !
साधारण व्यक्ती हमेशा अनेक समस्याओं से साधारणतः अकेला ही लडता रहता है !
इसिलिए अनेक बार हताश उदास होकर , दुखी मन से जीवन जीता रहता है !
मगर जिसे जीवन की लडाई जीतनी ही है और अपने अंतिम मकसद तक पहुंचना ही है तो ?
दिमाग हमेशा ठंडा ही रखना चाहिए !
ईश्वरी चींतन के साथ अनेक किताबों का पठन , अनेक आध्यात्मिक साधनाएं , देशाटन , तीर्थयात्रा, संगीत सुनना , अपेक्षित फिल्म देखना , इससे भी मन का बोझ हलका होता है !
और मन हलका रहेगा तो निश्चित ही दिमाग भी ठंडा ही रहेगा !
रिश्तोनातों में , मित्रों में सुखदुःख बाॅंटने से भी हमेशा मन का बोझ हलका होता है और दिमाग भी शांत रहता है !
मगर मन का बोझ हलका करने के लिये अथवा हर सुखदुःख बोलने के लिये भी वही रिश्तानाता अथवा वही मित्रत्व भी श्रेष्ठ दर्जे का होना चाहिए !
अन्यथा गलत जगह पर सुखदुःख बोलेंगे , मन हलका करने का प्रयास करेंगे तो ?
अनेक बार पछताना भी पडता है !
कभी कभी रोना भी पडता है !
तो कभी खून के आंसू भी बहाने पडते है !
मतलब ?
आत्मबल में गिरावट और मुसिबतों का बढावा !
ऐसे समय में ठंडा दिमाग कैसे रहेगा ?
सुखदुःख बोलने के लिये और उसीमें आधार मिलने के लिये भी वह रिश्तानाता भी श्रेष्ठ एवं उच्च कोटी का चाहिए !
रिश्ता वो होता है जो सुखदुःख में आधार देता है !
अनेक बार पैसों के आधार से बढकर भी मानसिक आधार होता है !
और यह भी शायद ?
दुनियादारी में नहीं मिलता है ?
इसिलिए सबसे बेहत्तर है की , निरंतर ईश्वर से बाते करना , उसे ही सुखदुःख बताना अथवा अपने अश्रू भी उसीके चरणों में ही समर्पित करना !
नहीं तो ?
दुनियादारी ही ऐसी उल्टी है की तुम्हारे आसुओं का भी मजाक बनायेगी ! अथवा तुम्हारे दुखों का भी मजाक उडायेगी !
इसिलिए दुख के अश्रू बहाने के लिये भी योग्य जगह ही चाहिए ! योग्य रीश्ता ही चाहिए !
और इसके लिए समर्पित प्रेम करनेवाला , सुखदुःख में आधार देने वाला व्यक्ती ही चाहिए !
और इस कलियुग में ऐसा व्यक्ती मिलना भी लगभग असंभव है !
इसिलिए आत्मबल बढाकर दिमाग हमेशा ठंडा रखने के लिये , आत्मचिंतन ही हमेशा काम आता है !
जीवन में हमारे इच्छा के विरूद्ध ही निरंतर घटनाएं घटती रहना ही जीवन का नाम है प्यारे !
और उसी पर विजय प्राप्त करना ही ईश्वरी सिद्धांत है मेरे प्यारे दोस्त !!
मजबुरी का नाम जींदगी नहीं है बल्की मजबुती का नाम जींदगी है...
ऐसा सिध्दांत रखिए फिर चौतरफा जीत तुम्हारी ही है !
अंदर से स्ट्राॅंग बनना ही सभी समस्याओं का अंतिम हल है !
और अंदर से स्ट्राॅंग बनने के लिये दिमाग ठंडा ही चाहिए !
अगर समस्या भयंकर है , कोई रास्ता नहीं दिखाई दे रहा है ? तो जरूर मुझसे संपर्क करने का प्रयास करना !
ईश्वर को साक्षी रखकर समाधान देने का निरंतर प्रयास करूंगा !!
*सबका कल्याण हो !!!*
*जय श्रीकृष्णा !!!*
🕉️🕉️🕉️🕉️🕉️
Comments
Post a Comment